सोमवार, 10 सितंबर 2018

18 घण्टे में 3 बार फायरिंग, दो घायल

जोधपुर। संभाग के सरहदी बाड़मेर जिले में तस्करों की गैंगों के बीच जारी विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा है। जिले के धोरीमन्ना क्षेत्र में बीते बारह घण्टे में दो बार फायरिंग की घटना हुई, फायरिंग तस्करों के बीच हुई है जिसमे दो व्यक्ति घायल हुए हैं, घायलों का इलाज जारी है। रात को लूखु में फायरिंग की घटना में एक युवक गम्भीर घायल हुआ था जिसको रेफर कर दिया गया। वहीं शुक्रवार सुबह दस बजे रामजी का गोल में तस्करों ने फायरिंग की जिसमें एक युवक घायल हो गया जिसका इलाज सांचौर में चल रहा है। वहीं एक अन्य थाना क्षेत्र में भी फायरिंग हो गई। अठारह घण्टे में तीन बार हुई फायरिंग की घटना से जहां आमजन दहशत में हैं, वहीं पुलिस प्रशासन पर कई सवाल भी खड़े हो रहे है। अब तक किसी की गिरफ्तारी के समाचार नहीं है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार धोरीमन्ना क्षेत्र के रामजी की गोल क्षेत्र में आज सुबह एक कार में सवार होकर आए तस्करों की गैंग ने नाकाबंदी को धत्ता बताते हुए क्षेत्र के एक युवक किशनाराम को गोली मार दी। जख्मी युवक को अस्पताल लेज जाया गया। इसे क्षेत्र के शराब तस्करों की आपसी रंजिश से जोड़ कर देखा जा रहा है। इससे पहले रात में एक युवक को गोली मारने के बाद क्षेत्र में पुलिस ने नाकाबंदी का दावा किया था। रात करीब 10 बजे एक फॉरच्यूनर से आए दो-तीन बदमाशों ने बाइक सवार एक युवक को गोली मार दी थी।
धोरीमन्ना थानाधिकारी जब्बरसिंह ने बताया कि रात 10 बजे दूधू के पास गंभीर घायलावस्था में पड़े पूनमाराम को धोरीमन्ना अस्पताल लाया गया, वहीं कंट्रोल रूम सूचना देकर आसपास के इलाकों में नाकाबंदी करवाई गई। गंभीर घायल पूनमाराम ने बयान दिया कि स्वरूप सिंह उसके साथियों ने उस पर फायरिंग की। गंभीर घायलावस्था में पूनमाराम को सांचौर रेफर किया है, जहां उसकी हालत गंभीर बताई जा रही है।
बता दे कि पिछले 7-8 माह से तस्करों की गैंगों के बीच चल रहा आपसी विवाद थम नहीं रहा है। जनवरी में तस्करों के घर अलग-अलग जगह फायरिंग, तोडफ़ोड़ और आगजनी की घटना से उपजा विवाद हत्या तक करवा चुका है। फरवरी में इन्हीं तस्करों की गैंग ने हरीश जाखड़ का अपहरण कर हत्या कर दी थी। इसके बाद अलग-अलग गैंग के करीब 10-12 तस्कर गिरफ्तार भी किए गए। गत माह पाली के पास कुख्यात तस्कर खरताराम ने पुलिस के घेरने के दौरान गोली मारकर आत्महत्या कर ली थी।



कोई टिप्पणी नहीं:

एक टिप्पणी भेजें