शुक्रवार, 22 जुलाई 2016

कौशिल शाह की रजुआत को दानह कांगे्रस का समर्थन 

किसानों के लिए बनाये गये सरकारी फार्म को हटाना अयोग्य - मोहन डेलकर

सिलवासा, सं. इनदिनों चल रहे चर्चा के अनुसार संघ प्रदेश दादरा एवं नगर हवेली के डोकमरडी गांव में स्थित सरकारी फार्म जो प्रदेश के किसानों के लिए सभी प्रकार की सुविधा एवं सहुलियत उपलब्ध कराने वाला एक मात्र एवं सबसे पुराना केन्द्र है. जिसमें किसानों के लिए बीज तैयार करने, अलग-अलग फलों के पेड की कलम तैयार करने, किसानों के लिए प्रशिक्षण केन्द्र जैसी बुनियादी सुविधाओं वाला यह सरकारी फॉर्म है. इसके साथ ही इस फार्म में बड़ी संख्या में विभिन्न फलों के पेड़ भी है. मिली जानकारी के अनुसार इस फोर्म को दूर कर इस स्थल पर मेडिकल कॉलेज की स्थापना करने हेतु  प्रक्रिया चल रही है. जिसे लेकर किसानों में भारी नाराजगी देखने को मिल रहा है. इस संबंध में दानह के पूर्व सांसद एवं कांगे्रस प्रदेश प्रमुख मोहनभाई डेलकर ने किसानों के हितों का रक्षण हो इसके लिए प्रशासक विक्रम देव दत्त के साथ बुधवार को टेलिफोनिक चर्चा कर तमाम प्रकार की वास्तविक परिस्थिति से अवगत कराया था. प्रशासक ने इस बात को गंभीरता से लेते हुए योग्य विकल्प ढूंढऩे के लिए आश्वासन दिया था.

इस सरकारी फार्म के मुद्दे को लेकर कौशिल शाह ने प्रशासन के समक्ष रजुआत किया था. जिसे मोहन डेलकर ने भी समर्थन दिया है. कांगे्रस प्रमुख मोहन डेलकर का मानना है कि प्रदेश में मेडिकल कॉलेज आये यह अत्यंत जरूरी है. जिसके लिए सायली में जमीन भी आवंटित कर दी गयी है. इसी जमीन के आधार पर भारत सरकार एवं मेडिकल काउंसिल ऑफ इंडिया की तरफ से मंजूरी दी गयी है. तदोपरांत हाल में ही सरकार ने मेडिकल कॉलेज के लिए जरूरी जमीन के विस्तार को कम करने का आदेश भी जारी किया है. सायली में स्थित जमीन सिलवासा के नजदीक, समतल एवं एक पेड़ बिना की है. ऐसे संयोग में सायली से मेडिकल कॉलेज को क्यों हटाना चाहिए? यह प्रदेश के काफी संख्या में लोगों में चर्चा का विषय है.

प्रशासन को यह बात समझना अत्यंत जरूरी बन गया है. वर्षो पुराने इस सरकारी फार्म को हटाया जाएगा तो बड़ी संख्या में फलों के वृक्षों को नुकसान होगा. करोड़ से अधिक के खर्च से तैयार किये गये पॉलीहाउस, ग्रीन हाउस का खर्च भी व्यर्थ जाएगा. जिसके कारण किसानों का अहित होगा. प्रदेश के हजारों किसानों के नाराजगी का सामना भी प्रशासन को करना पड़ेगा और समय आने पर किसान सड़क पर उतर कर उग्र आंदोलन का मार्ग अपना सकेंगे ऐसी प्रबल संभावना है. मोहनभाई डेलकर ने आशा व्यक्त किया है कि प्रशासक विक्रम देव दत्त काफी समझदार एवं अनुभवी अधिकारी है. वह प्रदेश के एवं किसानों के हित में ध्यान रखकर योग्य निर्णय लेंगे. उक्त जानकारी दादरा नगर हवेली प्रदेश कांगे्रस उपप्रमुख डॉ.टी.पी.चौहान द्वारा जारी एक प्रेस विज्ञप्ति में दी गयी है.

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